राही
राही सफर के अक्सर किताना कुछ चलता रहता है हमारे दिल और दिमाग मे पर हम किसी से हम सब कुछ कह कहा पाते है... कुछ अनकही सी उलझने और कुछ उलझी सी परेशानिया बस सोचते रह जाते है पर किसी से कह कहा पाते है ... माना जिन्दगी मे कुछ उलझनो का कोई हल नही फिर भी हम सही वक्त का इंजार कर ही कहा पाते है ... यह जिन्दगी है जनाव किसी के चाहने से नही चलती उलझ जाते है राही पर यह हम मान ही कहा पाते है ।✍️✍️✍️ ANJANA YADAV